सोमवार, 15 फ़रवरी 2021

कैसे कहूं मां भारती देश मेरा गणतंत्र है..

 कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

परवश होकर के बहता है रक्त पर 

मन भी सभी का परतंत्र है

कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

संविधान के बाबा ने था जो हमें पाठ पढ़ाया

            रखकर वो किताबे किसी नें मेज में आज सजाया

एकाग्रचित्त हो पढ़ता जैसे पंडित का वो मंत्र है

कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

मुंह मत खोलो बोले है, नेता और अधिकारी

            जनता मांगे हक अपना बनकर आज भिखारी

हक छीने है जो जनता से कैसा आज का तंत्र है

कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

जकड़ चुके है युवा आज चंगुल में ऐसे महानुभावों के

            बोल रहे है बोली वे भी अपने अपने आकाओं के 

नशा पान में लिप्त हो चुके ,भ्रष्ट नेताओं का षडयंत्र है

कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

दल उनके मिथ्या बकते हैं अपनी दल सच कहती है

            प्रपंच पाखंडी कर्म में वे है, निज कर्म में धर्म की गंगा बहती है

कोरी बातें कहने की लगती देश मेरा स्वतंत्र है

कहते सभी मां भारती 

देश मेरा गणतंत्र है

कैसे सीखेंगे बच्चे अपने संविधान की बातों को

            जो न कभी उद्गार सके अपने मन की जज्बातों को

कोरी बधाई गणतंत्र दिवस में, असल बात सब अत्र तत्र है

कहते सभी मां भारती.....

देश मेरा गणतंत्र है

कैसे कहूं मां भारती देश मेरा गणतंत्र है




लिखेश्वर साहू
ग्राम-सौंगा,पोष्ट-गिरौद
तह-मगरलोड़,जिला-धमतरी
9669874209




13 टिप्‍पणियां:

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  2. बहुत सुंदर प्रयास ।अच्छी कविता के लिए साधुवाद।

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  3. बहुत बहुत बधाई हौंसला के लिये बहुत अच्छा लिखे हो 🙏🌷

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