एक समय की बात है दो दोस्त थे एक का नाम हितेश और दूसरे का नाम नितेश, दोनों एक ही साथ पढ़ते थे, हितेश बड़े लगन से पढ़ाई किया करता था स्कूल में और घर में भी हितेश समयानुसार सारे कार्य कर लेता था, यथा समय खेलने कूदने और साथियों से मेल जोल भी रखता था। तब नितेश जो हमेशा इधर उधर गपशप की बातें करता था और हमेशा दूसरे को चिढ़ाने का काम करता था, नितेश हमेशा हितेश को किताबी कीड़ा, रट्टू तोता कह चिढ़ाता पर हितेश उनकी बातों को ध्यान नहीं देता था,समय बीतता गया दोनों ने 12 की पढ़ाई पूरी कर ली और आगे की पढ़ाई के लिए शहर चले गए दोनों अब अलग हो चुके थे। वे अपनी अपनी इच्छानुसार आगे बढ़ने लगे थे, हितेश का रवैया जैसा था वैसे बरकरार रहा, नितेश भी अब तक वही रवैया लिए चल रहा था, नितेश की पढ़ाई पूरी हो जाने के बाद से नितेश 3 साल से नौकरी की तलाश में भटक रहा था, और बेरोजगारी की मार झेल रहा था, वे अब निराश हताश से रहने लगे थे , एक सूचना मिली की एक बड़े कंपनी में नौकरी का ऑफर है वे अपने दस्तावेज लेकर इंटरव्यू देने के लिए निकले वहां जाकर वे अपनी बारी के इंतजार में लग गए उम्मीदवारों की लंबी कतार थी, हताश निराश नितेश के चेहरे पर बेचैनी बढ़ती जा रही थी, अचानक उसे पुराने दोस्त हितेश दिखे, नितेश ने उसे आवाज़ दी उनके पास गए उनसे पूछा आप हितेश हो न?हितेश ने भी उन्हें पहचान लिया उसने कहा हा मैं भीं तुम्हे पहचान लिया तुम नितेश हो नितेश ने कहा। मैं यहां इंटरव्यू देने आया हूं और आप भी, हितेश ने मुस्कराया कहा मैं आप से बाद में मिलता हूं और वहां से चला गया, थोड़ी देर बाद नितेश की बारी आई , हितेश को इंटरव्यूअर की खुर्सी पर देख उनके होश उड़ गए, भौंचक्के रह गए, इंटरव्यू ख़त्म होते ही चेहरे पर मायूसी छा गई, हितेश की कंपनी के लिए इंटरव्यू में नितेश फेल हो गया, उसने रोनी सूरत बनाते हितेश की ओर देखा और नौकरी के लिए विनती की 3 साल से नौकरी की तलाश में हूं कही भी नहीं मिल रहा आपकी बड़ी कृपया होगी, हितेश ने कहा देखो नितेश मुझे अपनी कंपनी के लिए ऐसे लोग चाहिए जो एक दूसरे को प्रोत्साहित करें, वे आपस में सहयोग करते हुए काम करें, किसी को उनके काम से डिस्टर्ब ना करे, किसी को उनके मार्ग से विचलित ना करें.. नितेश का सिर शर्म से झुक गया वह मायूस चेहरा लेकर दफ्तर से निकल पड़ा, उन्हें समझ आ चुका था की किसी दूसरे का मजाक बनाना किसी को किसी के काम में डिस्टर्ब करना किसी को बाधा में डालना अच्छी बात नहीं इनसे हमारा ही नुकसान होगा...
लिखेश्वर
9669874209
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